Poetry Tadka

Two Line Shayari

Ye Aur Bat Hai

ये बात और है के तक़दीर लिपट के रोई वरना !
बाज़ू तो हमनें तुम्हे देख कर ही फैलाए थे !!

Aznabi Ban Kar Gujar Jana Accha Hai

जहाँ भूली हुई यादें दामन थाम लें दिल का !
वहां से अजनबी बन कर गुज़र जाना ही अच्छा है !!

Pahla Kdam Kon

फासला अब भी दो कदमों का ही है !
पहले कदम कौन बढ़ाये, तय ये नही है !!

Apna Hote Huae

जुर्म समझो तो नोच लो यह आँखे !
ख्वाब में देखा है तुम्हे अपना होते हुए !!

Teri Aankhe Jo Bol Jati Hai

तेरी आँखे जो बोल जाती है तेरी साँसे जब गुनगुनाती है !
तब मेरी हर हसरत एक नया रूप पाती है !!

Yaad Rahte Hai Aaj Bhi

याद रखते है हम आज भी उन्हें पहले की तरह !
कौन कहता है फासले मोहब्बत की याद मिटा देते है !!

Kosish To Hoti Hai

कोशिश तो होती है कि तेरी हर ख्वाहिश पूरी करूँ !
पर डर लगता है के तु.ख्वाहिश में मुझसे जुदाई ना माँग ले !!

Yu To Hum Apne Aap Me Gum The

यूँ तो हम अपने आप में गुम थे !
सच तो ये है की वहाँ भी तुम थे !!

Tum Ye Mat Samajhna

तुम ये मत समझना की मुझे कोई नहीं चाहता !
तुम छोड़ भी दोगे तो..मौत खड़ी है अपनाने के लिए !!

Koi Apna Rooth Naa Jaae

कई बार गलती के बिना गलती मान लेते है हम !
क्यूकी डर लगता है कोई अपना रूठ ना जाए !!