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Ehsass Shayari

fir nhi baste

fir nhi baste
फिर नहीं बसते वो दिल जो, एक बार
उजड़ जाते है, कब्रें जितनी भी सजा लो
पर.. कोई ज़िंदा नहीं होता

yu na dekh

yu na dekh
यूँ न देख मेरे कब्र की तरफ,
तेरे आँखों में अश्क मुझसे देखे नहीं जाते

bikne wale aur bhi hai

bikne wale aur bhi hai
बिकने वाले और भी है, जाओ जाकर खरीद लो
हम कीमत से नहीं, किस्मत से मिला करते है

hum bhi hai shayari

hum bhi hai shayari
हादसोँ के गवाह हम भी हैँ,
अपने दिल से तबाह हम भी हैँ,
जुर्म के बिना सजा ए मौत मिली,
ऐसे ही एक बेगुनाह हम भी हैँ

mere alfaz

mere alfaz
मेरे अल्फाज़ भी नाराज़ है मुझसे
मैं वो लिख नहीं पा रहा हूँ, जो महसूस कर रहा हूँ,