हौसला बढ़ाने वाली शायरी

mohabbat do dilo me

mohabbat do dilo me

मोहब्बत दो दिलों में जब धडकती है तो
जमाने की आँखों में वो मोहब्बत खटकती है
पर सच्ची मोहब्बत कंहा जमाने की परवाह करती है
हर मुश्किल घड़ी में मोहब्बत तो दो दिलों को और करीब ला देती है

mat staao hme

mat staao hme

मत सताओ हमे हम सताए हुए है
अकेला रहने का ग़म उठाये हुए है
खिलौना समज के ना खेलो हम से
हम भी उसी खुदा के बनाये हुए है

hme na mohabbat mili

hme na mohabbat mili

हमें न मोहब्बत मिली न प्यार मिला
हम को जो भी मिला बेवफा यार मिला
अपनी तो बन गई तमाशा ज़िन्दगी
हर कोई अपने मकसद का तलबगार मिला

wafa ki kasam

wafa ki kasam

वफा की कसम हम बेवाफा ना होंगे
मर जायेंगे पर आपसे जुदा ना होंगे
हम भी बनाएंगे अपनी दोस्ती का महल
शर्म से झुक जाएेगा वो ताज महल

ghar bana liya shayari

ghar bana liya shayari

तन्हाइयों के शहर में एक घर बना लिया
रुसवाइयों को अपना मुक़द्दर बना लिया
देखा है यहाँ पत्थर को पूजते हैं लोग
हमने भी इसलिए अपने दिल को पत्थर बना लिया

dil ki halat shayari

dil ki halat shayari

*दिल की हालत बताई नहीं जाती*
*हमसे उनकी चाहत छुपाई नहीं जाती*
*बस एक याद बची है उनके चले जाने के बाद*
*हमसे तो वो याद भी दिल से निकाली नहीं जाती