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khud ko rulate hai

हमारे आंसूं पोंछ कर वो मुस्कुराते हैं !
उनकी इस अदा से वो दिल को चुराते हैं !
हाथ उनका छू जाये हमारे चेहरे को !
इसी उम्मीद में हम खुद को रुलाते हैं !!