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🤱 Quotes On Mother in Hindi

wo khawahish

wo khawahish

Wo khawahish mother day quotes in hindi

teri har baat

teri har baat

तेरी हर बात चलकर यूँ भी मेरे जी से आती है

कि जैसे याद की खुशबू किसी हिचकी से आती है

मुझे आती है तेरे बदन से ऐ माँ वही खुशबू

जो एक पूजा के दीपक में पिगलते घी से आती है

a poem on mother in hindi

a poem on mother in hindi

माँ संवेदना है, भावना है, अहसास है

माँ जीवन के फूलों में ख़ुशबू का वास है

माँ रोते हुए बच्चे का ख़ुशनुमा पलना है

माँ मरुथल में नदी या मीठा-सा झरना है

माँ लोरी है, गीत है, प्यारी-सी थाप है

माँ पूजा की थाली है, मंत्रों का जाप है

माँ आँखों का सिसकता हुआ किनारा है

माँ गालों पर पप्पी है, ममता की धारा है

माँ झुलसते दिलों में कोयल की बोली है

माँ मेहंदी है, कुमकुम है, सिंदूर है, रोली है

माँ क़लम है, दवात है, स्याही है,

माँ परमात्मा की स्वयं एक गवाही है

माँ त्याग है, तपस्या है, सेवा है

माँ फूँक से ठंडा किया हुआ कलेवा है

माँ अनुष्ठान है, साधना है, जीवन का हवन है

माँ ज़िंदगी के मुहल्ले में आत्मा का भवन है

माँ चूड़ी वाले हाथों के मजबूत कंधों का नाम है

माँ काशी है, काबा है और चारों धाम है

माँ चिंता है, याद है, हिचकी है

माँ बच्चे की चोट पर सिसकी है

माँ चुल्हा-धुआँ-रोटी और हाथों का छाला है

माँ ज़िंदगी की कड़वाहट में अमृत का प्याला है

माँ पृथ्वी है, जगत् है, धुरी है

माँ बिना इस सृष्टि की कल्पना अधूरी है

माँ का जीवन में कोई पर्याय नहीं है

माँ का महत्व दुनिया में कम हो नहीं सकता

माँ जैसा दुनिया में कुछ हो नहीं सकता

मैं कला की ये पंक्तियाँ माँ के नाम करता हूँ,

दुनिया की सभी माताओं को प्रणाम करता हूँ

poem for mother in hindi

poem for mother in hindi

खुदा मुझसे माँ की मोहब्बत न छीने

अगर छीनना है जहाँ छीन ले वो

जमी छीन ले आसमाँ छीन ले वो

मेरे सर की बस एक ये छत न छीने

खुदा मुझसे माँ की मोहब्बत न छीने

 

अगर माँ न होती जमीं पर न आता

जो आँचल न होता कहाँ सर छुपाता

मेरा लाल कहकर बुलाती है मुझको

कि खुद भूखी रहकर खिलाती है मुझको

कि होंठों कि मेरी हँसी छीन ले वो

कि गम देदे हर एक खुशी छीन ले वो

यही एक बस मुझसे दौलत न छीने

खुदा मुझसे माँ की मोहब्बत न छीने

 

मुझे पाला पोसा बड़ा कर दिया है

कि पैरों पे अपने खड़ा कर दिया है

कभी जब अँधेरों ने मुझको सताया

तो माँ की दुआ ने ही रस्ता दिखाया

ये दामन मेरा चाहे नम कर दे जितना

वो बस आज मुझ पर करम कर दे जितना

जो मुझ पर किया है इनायत न छीने

खुदा मुझसे माँ की मोहब्बत न छीने

 

अगर माँ का सर पर नहीं हाँथ होगा

तो फ़िर कौन है जो मेरे साथ होगा

कहाँ मुँह छुपाकर के रोया करूंगा

तो फ़िर किसकी गोदी में सोया करूंगा

मेरे सामने माँ की जाँ छीनकर के

मेरी खुशनुमा दासताँ छीन कर के

मेरा जोश और मेरी हिम्मत न छीने

खुदा मुझसे माँ की मोहब्बत न छीने

yaad aati hai maa

yaad aati hai maa

आज रोटी के पीछे भागता हूँ तो याद आती है माँ-रोटी खिलने के लिए माँ मेरे पीछे भागती थी