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Pyar Ki Shayari and Pyari Shayari

Pyar kijiye

जिस्म तो बहुत संवार चुके रूह का सिंगार कीजिये

फूल शाख से न तोड़िए खुशबुओं से प्यार कीजिये.

Pyar ki baat

तरस जाओगे हमारे लबों से सुनने को एक लफ्ज भी....

प्यार की बात तो क्या हम शिकायत तक नहीं करेंगे ....

 

Pyar ke katre

छलकता है कुछ इन आँखों से रोज़..!!

कुछ प्यार के कतऱे होते है ..कुछ दर्द़ के लम्हें

Barso ke baat mulaqat

बरसो के बाद होती है मुलाकात..

फिर भी रहती है दिल में दिल की बात,

नज़रो से करना पड़ता है प्यार

पर नज़र मिलाने के लिये भी करना पड़ता है इंतज़ार

Kon kahta hai

कौन कहता है क़ि चाँद तारे तोड़ लाना ज़रूरी है…..

दिल को छू जाए प्यार से दो लफ्ज़, वही काफ़ी है