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New Shayari

Ek khubsurat savera

ek khubsurat savera

ऐ चाँद मेरे दोस्त को एक तोहफा देना 

तारो की महफ़िल संग रौशनी देना 

छुपा लेना अँधेरे को हर रात के बाद 

एक खूब सूरत सवेरा देना 

Koi Chara Nahin Dua Ke Siva

Koi Chara Nahin Dua Ke Siva

कोई चारा नहीं दुआ के सिवा 

कोई सुनता नहीं खुदा के सिवा 

Qayamat Hogi

Qayamat Hogi

फिर किसी मोड़ पर मिल जाऊँ तो मुहँ फेर लेना,

पुराना इश्क़ है,फिर उभरा तो कयामत होगी

Tanhai me rona

tanhai me rona

महफ़िल में हँसना हमारा मिजाज बन गया,

तन्हाई में रोना एक राज बन गया,

दिल के दर्द को चेहरे से जाहिर न होने दिया,

बस यही जिंदगी जीने का अंदाज बन गया

Kaash tum kabhi

kaash tum kabhi

काश तुम कभी जोर से गले लगा कर कहो 

डरते क्यों हो पागल तुह्मारी तो हूँ